श्री महाभारत  »  पर्व 9: शल्य पर्व  »  अध्याय 7: राजा शल्यके वीरोचित उद्‍गार तथा श्रीकृष्णका युधिष्ठिरको शल्यवधके लिये उत्साहित करना  »  श्लोक 28
 
 
श्लोक  9.7.28 
वीर्यवांश्च महातेजा महात्मा च विशेषत:।
कृती च चित्रयोधी च संयुक्तो लाघवेन च॥ २८॥
 
 
अनुवाद
वह शक्तिशाली, अत्यंत तेजस्वी, अत्यंत बुद्धिमान, विद्वान, अद्भुत योद्धा और शस्त्र चलाने में शीघ्र है॥ 28॥
 
‘He is powerful, extremely radiant, highly intelligent, learned, a wonderful warrior and quick in using weapons.॥ 28॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)