Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
mahabharat 9.54.22-23h: राजा! तब समस्त धर्मों के ज्ञाता नारद जी ने उन्हें विस्तारपूर्वक सारा वृत्तांत सुनाया कि कुरुवंश का नाश हो गया है।   |   mahabharat अध्याय 9.54: प्लक्षप्रस्रवण आदि तीर्थों तथा सरस्वतीकी महिमा एवं नारदजीसे कौरवोंके विनाश और भीम तथा दुर्योधनके युद्धका समाचार सुनकर बलरामजीका उसे देखनेके लिये जाना   ।   mahabharat पर्व 9: शल्य पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 9: शल्य पर्व  »  अध्याय 54: प्लक्षप्रस्रवण आदि तीर्थों तथा सरस्वतीकी महिमा एवं नारदजीसे कौरवोंके विनाश और भीम तथा दुर्योधनके युद्धका समाचार सुनकर बलरामजीका उसे देखनेके लिये जाना  »  श्लोक 22-23h
 
 
श्लोक  9.54.22-23h 
ततोऽस्याकथयद् राजन् नारद: सर्वधर्मवित्॥ २२॥
सर्वमेतद् यथावृत्तमतीव कुरुसंक्षयम्।
 
 
अनुवाद
राजा! तब समस्त धर्मों के ज्ञाता नारद जी ने उन्हें विस्तारपूर्वक सारा वृत्तांत सुनाया कि कुरुवंश का नाश हो गया है।
 
King! Then Narada, the knower of all the religions, told him the whole story in full detail that the Kuru clan had been destroyed.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)