Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 9.52.18: हे राजन! रात्रि में वह दिव्य वस्त्राभूषणों से विभूषित तथा दिव्य सुगन्धित सुगन्धि से विभूषित एक अत्यंत सुन्दर युवती बन गई॥18॥ | mahabharat अध्याय 9.52: वृद्ध कन्याका चरित्र, शृंगवान्के साथ उसका विवाह और स्वर्गगमन तथा उस तीर्थका माहात्म्य । mahabharat पर्व 9: शल्य पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
सा रात्रावभवद् राजंस्तरुणी वरवर्णिनी।
दिव्याभरणवस्त्रा च दिव्यगन्धानुलेपना॥ १८॥
अनुवाद
हे राजन! रात्रि में वह दिव्य वस्त्राभूषणों से विभूषित तथा दिव्य सुगन्धित सुगन्धि से विभूषित एक अत्यंत सुन्दर युवती बन गई॥18॥
O King! In the night she became an extremely beautiful young woman, adorned with divine clothes and ornaments and decorated with divinely scented perfume. ॥ 18॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥