Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 9.32.52: दुर्योधन ने कहा - युधिष्ठिर! तुम सब एक-एक करके मुझसे युद्ध करने आओ। युद्धभूमि में एक ही योद्धा को अनेक योद्धाओं से युद्ध करने के लिए विवश करना उचित नहीं है। | mahabharat अध्याय 9.32: युधिष्ठिरके कहनेसे दुर्योधनका तालाबसे बाहर होकर किसी एक पाण्डवके साथ गदायुद्धके लिये तैयार होना । mahabharat पर्व 9: शल्य पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
दुर्योधन उवाच
एकैकेन च मां यूयमासीदत युधिष्ठिर।
न ह्येको बहुभिर्न्याय्यो वीरो योधयितुं युधि॥ ५२॥
अनुवाद
दुर्योधन ने कहा - युधिष्ठिर! तुम सब एक-एक करके मुझसे युद्ध करने आओ। युद्धभूमि में एक ही योद्धा को अनेक योद्धाओं से युद्ध करने के लिए विवश करना उचित नहीं है।
Duryodhan said - Yudhishthira! You all come to fight with me one by one. It is not fair to force a single warrior to fight with many warriors on the battlefield.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥