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mahabharat 9.21.26-27h: उस द्वारथ युद्ध में जब सात्यकि ने वीर कृतवर्मा को रथहीन कर दिया, तब आपके समस्त सैनिकों के हृदय में बड़ा भय व्याप्त हो गया।   |   mahabharat अध्याय 9.21: सात्यकिद्वारा क्षेमधूर्तिका वध, कृतवर्माका युद्ध और उसकी पराजय एवं कौरवसेनाका पलायन   ।   mahabharat पर्व 9: शल्य पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
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श्लोक  9.21.26-27h 
तस्मिन् सात्यकिना वीरे द्वैरथे विरथीकृते॥ २६॥
समपद्यत सर्वेषां सैन्यानां सुमहद् भयम्।
 
 
अनुवाद
उस द्वारथ युद्ध में जब सात्यकि ने वीर कृतवर्मा को रथहीन कर दिया, तब आपके समस्त सैनिकों के हृदय में बड़ा भय व्याप्त हो गया।
 
In that Dwaratha battle, when the brave Kritavarma was rendered chariotless by Satyaki, great fear filled the hearts of all your soldiers. 26 1/2.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)