Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 9.21.19-20: धनुर्धरों में श्रेष्ठ, पराक्रमी और वीर युयुधान ने उस उत्तम धनुष को लेकर शीघ्रता से उस पर बाण चढ़ाया। कृतवर्मा द्वारा अपने धनुष को काटे जाने को सहन न कर पाने के कारण, वह वीर योद्धा क्रोधित हो उठा और शीघ्रता से उस पर आक्रमण कर दिया। | mahabharat अध्याय 9.21: सात्यकिद्वारा क्षेमधूर्तिका वध, कृतवर्माका युद्ध और उसकी पराजय एवं कौरवसेनाका पलायन । mahabharat पर्व 9: शल्य पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
धनुर्धरों में श्रेष्ठ, पराक्रमी और वीर युयुधान ने उस उत्तम धनुष को लेकर शीघ्रता से उस पर बाण चढ़ाया। कृतवर्मा द्वारा अपने धनुष को काटे जाने को सहन न कर पाने के कारण, वह वीर योद्धा क्रोधित हो उठा और शीघ्रता से उस पर आक्रमण कर दिया।
Yuyudhana, the greatest of all archers, being mighty and valiant, took that excellent bow and quickly strung an arrow on it. Unable to tolerate his bow being cut by Kritavarma, that valiant warrior became enraged and quickly attacked him.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥