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श्लोक 9.16.36-37  |
भीमस्तु तव पुत्रेण युद्धशौण्डेन संगत:॥ ३६॥
पाञ्चाल्य: सात्यकिश्चैव माद्रीपुत्रौ च पाण्डवौ।
शकुनिप्रमुखान् वीरान् प्रत्यगृह्णन् समन्तत:॥ ३७॥ |
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| अनुवाद |
| राजन! भीमसेन आपके युद्धकुशल पुत्र दुर्योधन और धृष्टद्युम्न के साथ युद्ध करने लगे, सात्यकि और पाण्डुपुत्र माद्रीकुमार नकुल-सहदेव सब ओर से शकुनि आदि योद्धाओं का सामना करने लगे। 36-37॥ |
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| Rajan! Bhimsen fought with your war-skilled son Duryodhana and Dhrishtadyumna, Satyaki and Pandu's son Madrikumar Nakul-Sahadeva started facing warriors like Shakuni etc. from all sides. 36-37॥ |
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