Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 9.16.32-33h: युद्ध की इच्छा से युक्त शल्य ने शत्रुसंहारक धर्मराज युधिष्ठिर पर उसी प्रकार बाणों की वर्षा आरम्भ कर दी, जैसे इन्द्र ने शम्बरासुर पर बाणों की वर्षा की थी। | mahabharat अध्याय 9.16: पाण्डव-सैनिकों और कौरव-सैनिकोंका द्वन्द्वयुद्ध, भीमसेनद्वारा दुर्योधनकी तथा युधिष्ठिरद्वारा शल्यकी पराजय । mahabharat पर्व 9: शल्य पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
युद्ध की इच्छा से युक्त शल्य ने शत्रुसंहारक धर्मराज युधिष्ठिर पर उसी प्रकार बाणों की वर्षा आरम्भ कर दी, जैसे इन्द्र ने शम्बरासुर पर बाणों की वर्षा की थी।
Shalya, having a desire for war, started showering arrows on the enemy-destroyer Dharmaraja Yudhishthira in the same manner as Indra showered on Shambarasur. 32 1/2
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥