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mahabharat 8.90.96: और अर्जुन ने कर्ण को बाणों की वर्षा से ढक दिया। इसके बाद भी कर्ण बाणों से प्रहार करता रहा। तभी कर्ण ने अपने तीखे बाणों से अर्जुन के धनुष की डोरी काट दी।   |   mahabharat अध्याय 8.90: अर्जुन और कर्णका घोर युद्ध, भगवान् श्रीकृष्णके द्वारा अर्जुनकी सर्पमुख बाणसे रक्षा तथा कर्णका अपना पहिया पृथ्वीमें फँस जानेपर अर्जुनसे बाण न चलानेके लिये अनुरोध करना   ।   mahabharat पर्व 8: कर्ण पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 8: कर्ण पर्व  »  अध्याय 90: अर्जुन और कर्णका घोर युद्ध, भगवान् श्रीकृष्णके द्वारा अर्जुनकी सर्पमुख बाणसे रक्षा तथा कर्णका अपना पहिया पृथ्वीमें फँस जानेपर अर्जुनसे बाण न चलानेके लिये अनुरोध करना  »  श्लोक 96
 
 
श्लोक  8.90.96 
छादयित्वा ततो बाणै: कर्णं प्रत्यस्यदर्जुन:।
तत: कर्ण: शितैर्बाणैर्ज्यां चिच्छेद सुतेजनै:॥ ९६॥
 
 
अनुवाद
और अर्जुन ने कर्ण को बाणों की वर्षा से ढक दिया। इसके बाद भी कर्ण बाणों से प्रहार करता रहा। तभी कर्ण ने अपने तीखे बाणों से अर्जुन के धनुष की डोरी काट दी।
 
And Arjuna covered Karna with a shower of arrows. Even after this, Karna continued to attack with arrows. Then Karna cut the string of Arjuna's bow with the sharp arrows he had sharpened.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)