Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 8.84.5-6h: कुन्तीकुमार भीम ने सुवर्णमय पंखों वाले और सुवर्णमय अंगों से विभूषित दस महान वेगशाली वृषभों की सहायता से उन दस भरतवंशी राजकुमारों को यमलोक भेज दिया॥5 1/2॥ | mahabharat अध्याय 8.84: धृतराष्ट्रके दस पुत्रोंका वध, कर्णका भय और शल्यका समझाना तथा नकुल और वृषसेनका युद्ध । mahabharat पर्व 8: कर्ण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
कुन्तीकुमार भीम ने सुवर्णमय पंखों वाले और सुवर्णमय अंगों से विभूषित दस महान वेगशाली वृषभों की सहायता से उन दस भरतवंशी राजकुमारों को यमलोक भेज दिया॥5 1/2॥
Kuntikumar Bhima, with the help of ten great swift bulls with golden wings and adorned with golden limbs, sent those ten princes of Bharatvanshi to Yamaloka. 5 1/2॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥