श्री महाभारत  »  पर्व 8: कर्ण पर्व  »  अध्याय 79: अर्जुनका कौरव-सेनाका विनाश करके खूनकी नदी बहा देना और अपना रथ कर्णके पास ले चलनेके लिये भगवान् श्रीकृष्णसे कहना तथा श्रीकृष्ण और अर्जुनको आते देख शल्य और कर्णकी बातचीत तथा अर्जुनद्वारा कौरव-सेनाका विध्वंस  »  श्लोक 42
 
 
श्लोक  8.79.42 
समानो ह्यसि भीष्मेण द्रोणद्रौणिकृपेण च।
सव्यसाचिनमायान्तं निवारय महारणे॥ ४२॥
 
 
अनुवाद
आप भीष्म, द्रोण, अश्वत्थामा और कृपाचार्य के समान पराक्रमी हैं, अतः इस महायुद्ध में सव्यसाची अर्जुन को आक्रमण करने से रोकिए।
 
You are as valiant as Bhishma, Drona, Ashvatthama and Kripacharya, so stop Savyasachi Arjuna from attacking in this great war.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)