Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 8.73.96-97h: आज कर्ण रक्त से लथपथ होकर पृथ्वी पर पड़ा है और उसके हथियार इधर-उधर बिखरे पड़े हैं। ऐसी दशा में उसके स्वजन दुःखी और शोकाकुल होकर उसे देख रहे हैं॥96 1/2॥ | mahabharat अध्याय 8.73: भीष्म और द्रोणके पराक्रमका वर्णन करते हुए अर्जुनके बलकी प्रशंसा करके श्रीकृष्णका कर्ण और दुर्योधनके अन्यायकी याद दिलाकर अर्जुनको कर्णवधके लिये उत्तेजित करना । mahabharat पर्व 8: कर्ण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
आज कर्ण रक्त से लथपथ होकर पृथ्वी पर पड़ा है और उसके हथियार इधर-उधर बिखरे पड़े हैं। ऐसी दशा में उसके स्वजन दुःखी और शोकाकुल होकर उसे देख रहे हैं॥96 1/2॥
‘Today Karna is lying on the earth, drenched in blood and his weapons are scattered here and there. In this condition, his relatives look at him in sorrow and grief.॥ 96 1/2॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥