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mahabharat 8.73.5: आप शत्रुओं के लिए अजेय हैं। आपके पक्ष के राजा संजय तथा पाण्डव योद्धा आपकी सुरक्षा में युद्धभूमि में डटे हुए हैं।   |   mahabharat अध्याय 8.73: भीष्म और द्रोणके पराक्रमका वर्णन करते हुए अर्जुनके बलकी प्रशंसा करके श्रीकृष्णका कर्ण और दुर्योधनके अन्यायकी याद दिलाकर अर्जुनको कर्णवधके लिये उत्तेजित करना   ।   mahabharat पर्व 8: कर्ण पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 8: कर्ण पर्व  »  अध्याय 73: भीष्म और द्रोणके पराक्रमका वर्णन करते हुए अर्जुनके बलकी प्रशंसा करके श्रीकृष्णका कर्ण और दुर्योधनके अन्यायकी याद दिलाकर अर्जुनको कर्णवधके लिये उत्तेजित करना  »  श्लोक 5
 
 
श्लोक  8.73.5 
एते ते पृथिवीपाला: सृञ्जयाश्च समागता:।
त्वां समासाद्य दुर्धर्षं पाण्डवाश्च व्यवस्थिता:॥ ५॥
 
 
अनुवाद
आप शत्रुओं के लिए अजेय हैं। आपके पक्ष के राजा संजय तथा पाण्डव योद्धा आपकी सुरक्षा में युद्धभूमि में डटे हुए हैं।
 
You are invincible for the enemies. Your side's king Sanjaya and the Pandava warriors are standing firm on the battlefield under your protection.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)