ब्रह्मणा च प्रजा: सृष्ट्वा गाण्डीवं च महद् धनु:॥ २४॥
येन त्वं युध्यसे पार्थ तस्मान्नास्ति त्वया सम:।
अनुवाद
हे पार्थ! ब्रह्माजी ने ही सम्पूर्ण प्राणियों को उत्पन्न किया है और जिस विशाल गाण्डीव धनुष से तुम युद्ध करते हो, उसे भी उन्होंने ही बनाया है; अतः तुम्हारे समान कोई नहीं है॥24 1/2॥
O Partha, Brahmaji has created all the creatures and he has also created that huge bow Gandiva with which you fight; hence there is no one who can be your equal. ॥ 24 1/2 ॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥