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ब्रूयाद् य एवं गाण्डीवमन्यस्मै देयमित्युत।
वध्योऽस्य स पुमाँल्लोके त्वया चोक्तोऽयमीदृशम्॥ ५०॥
अनुवाद
जो कोई अर्जुन से कहता है कि ‘तुम्हें अपना गांडीव धनुष किसी और को दे देना चाहिए’, वह इस संसार में उसके द्वारा मारा जाएगा।’ यही बात तुमने आज अर्जुन से कही है।
Anyone who tells Arjun that 'You should give your Gandiva bow to someone else' is to be killed by him in this world.' You have said the same thing to Arjun today.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥