Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 8.66.16: हे धनंजय! मैं उसके प्रति द्वेष से जल रहा था। जैसे वधृणा नामक पशु वधशाला में मरने के लिए ही पहुँचता है, वैसे ही मैं भी अपनी मृत्यु के लिए कर्ण का सामना करने गया था॥16॥ | mahabharat अध्याय 8.66: युधिष्ठिरका अर्जुनसे भ्रमवश कर्णके मारे जानेका वृत्तान्त पूछना । mahabharat पर्व 8: कर्ण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
हे धनंजय! मैं उसके प्रति द्वेष से जल रहा था। जैसे वधृणा नामक पशु वधशाला में मरने के लिए ही पहुँचता है, वैसे ही मैं भी अपनी मृत्यु के लिए कर्ण का सामना करने गया था॥16॥
O Dhananjaya! I was burning with hatred for him. Just as an animal called Vadhrinas reaches the slaughter house only to die, I too had gone to face Karna for my own death.॥ 16॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥