Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
mahabharat 8.48.25: तत्पश्चात् भीमसेन ने महान पराक्रम दिखाते हुए दूसरा शक्तिशाली धनुष लिया, उस पर प्रत्यंचा चढ़ाई और सुषेण का धनुष काट डाला।   |   mahabharat अध्याय 8.48: कर्णके द्वारा बहुत-से योद्धाओंसहित पाण्डव-सेनाका संहार, भीमसेनके द्वारा कर्णपुत्र भानुसेनका वध, नकुल और सात्यकिके साथ वृषसेनका युद्ध तथा कर्णका राजा युधिष्ठिरपर आक्रमण   ।   mahabharat पर्व 8: कर्ण पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 8: कर्ण पर्व  »  अध्याय 48: कर्णके द्वारा बहुत-से योद्धाओंसहित पाण्डव-सेनाका संहार, भीमसेनके द्वारा कर्णपुत्र भानुसेनका वध, नकुल और सात्यकिके साथ वृषसेनका युद्ध तथा कर्णका राजा युधिष्ठिरपर आक्रमण  »  श्लोक 25
 
 
श्लोक  8.48.25 
अथान्यद् धनुरादाय सुदृढं भीमविक्रम:।
सज्यं वृकोदर: कृत्वा सुषेणस्याच्छिनद् धनु:॥ २५॥
 
 
अनुवाद
तत्पश्चात् भीमसेन ने महान पराक्रम दिखाते हुए दूसरा शक्तिशाली धनुष लिया, उस पर प्रत्यंचा चढ़ाई और सुषेण का धनुष काट डाला।
 
Thereafter Bhimasena, displaying tremendous valour, took another strong bow, strung it and cut off Sushena's bow.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)