Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 8.31.50: जिस प्रकार परम धर्म में तत्पर रहने वाले व्यक्ति के लिए सफलता पाना कठिन नहीं है, उसी प्रकार आज विशेष रूप से आपको प्रसन्न करने के लिए मेरे लिए कुछ भी असंभव नहीं है ॥50॥ | mahabharat अध्याय 8.31: रात्रिमें कौरवोंकी मन्त्रणा, धृतराष्ट्रके द्वारा दैवकी प्रबलताका प्रतिपादन, संजयद्वारा धृतराष्ट्रपर दोषारोप तथा कर्ण और दुर्योधनकी बातचीत । mahabharat पर्व 8: कर्ण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
जिस प्रकार परम धर्म में तत्पर रहने वाले व्यक्ति के लिए सफलता पाना कठिन नहीं है, उसी प्रकार आज विशेष रूप से आपको प्रसन्न करने के लिए मेरे लिए कुछ भी असंभव नहीं है ॥50॥
Just as success is not difficult for a person devoted to the highest religion, in the same way, today especially to please you, nothing is impossible for me. ॥ 50॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥