Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 8.27.8-9: सत्यसेन ने रणभूमि में पाण्डुपुत्र अर्जुन को तीन, मित्रदेव ने तिरसठ, चन्द्रदेव ने सात, मित्रवर्मन ने तिहत्तर, सौश्रुति ने सात, श्रुतंजय ने बीस तथा सुशर्मन ने नौ बाणों से घायल कर दिया। 8-9॥ | mahabharat अध्याय 8.27: अर्जुनद्वारा राजा श्रुतंजय, सौश्रुति, चन्द्रदेव और सत्यसेन आदि महारथियोंका वध एवं संशप्तक-सेनाका संहार । mahabharat पर्व 8: कर्ण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
सत्यसेन ने रणभूमि में पाण्डुपुत्र अर्जुन को तीन, मित्रदेव ने तिरसठ, चन्द्रदेव ने सात, मित्रवर्मन ने तिहत्तर, सौश्रुति ने सात, श्रुतंजय ने बीस तथा सुशर्मन ने नौ बाणों से घायल कर दिया। 8-9॥
Satyasena pierced Pandu's son Arjun in the battlefield with three arrows, Mitradev sixty-three, Chandradev seven, Mitravarman seventy-three, Saushruti seven, Shrutanjaya twenty and Susarman nine. 8-9॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥