Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 8.21.2: पाण्डुकुमार अर्जुन ने युद्ध-विद्या पूर्ण कर ली है। वह विजय के प्रयत्न में तत्पर एक बलवान योद्धा है। भगवान शंकर ने कृपा करके उसे आशीर्वाद दिया है और कहा है, 'तुम समस्त प्राणियों में श्रेष्ठ और अजेय होगे।'॥ 2॥ | mahabharat अध्याय 8.21: कौरव-पाण्डव-दलोंका भयंकर घमासान युद्ध । mahabharat पर्व 8: कर्ण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
समाप्तविद्यो बलवान् युक्तो वीर: स पाण्डव:।
सर्वभूतेष्वनुज्ञात: शङ्करेण महात्मना॥ २॥
अनुवाद
पाण्डुकुमार अर्जुन ने युद्ध-विद्या पूर्ण कर ली है। वह विजय के प्रयत्न में तत्पर एक बलवान योद्धा है। भगवान शंकर ने कृपा करके उसे आशीर्वाद दिया है और कहा है, 'तुम समस्त प्राणियों में श्रेष्ठ और अजेय होगे।'॥ 2॥
Pandukumar Arjun has completed his education in warfare. He is a strong warrior engaged in the efforts of victory. Lord Shankar has graciously blessed him and said, 'You will be the best and invincible among all creatures.'॥ 2॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥