vedamrit
Reset
Home
प्रमुख ग्रंथ
भगवद गीता
श्रीमद् रामायण
श्रीमद् भागवतम
श्री महाभारत
श्री रामचरितमानस
श्रीमद् विष्णु पुराण
श्रीचैतन्य भागवत
श्रीचैतन्य चरितामृत
भक्तिरसामृतसिन्धु
वैष्णव भजन, इस्कॉन आरती
Articles
Apps
About
श्री महाभारत
»
पर्व 8: कर्ण पर्व
»
अध्याय 14: द्रौपदीपुत्र श्रुतकर्मा और प्रतिविन्ध्यद्वारा क्रमश: चित्रसेन एवं चित्रका वध, कौरव-सेनाका पलायन तथा अश्वत्थामाका भीमसेनपर आक्रमण
»
श्लोक 18
श्लोक
8.14.18
ते वध्यमाना: समरे तव पौत्रेण धन्विना।
व्यद्रवन्त दिशस्तूर्णं दावदग्धा इव द्विपा:॥ १८॥
अनुवाद
आपके धनुर्धर पौत्र श्रुतकर्मा द्वारा युद्ध में मारे गए वे सैनिक तुरंत ही जंगल की आग में झुलसे हुए हाथियों की तरह सभी दिशाओं में भाग गए।
Killed in the battle by your archer grandson Shrutakarma, those soldiers instantly fled in all directions like elephants scorched in a forest fire.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
© 2023 vedamrit.in - All Rights Reserved. Developed by ACd
Download SongBook App
Install
×