श्री महाभारत  »  पर्व 8: कर्ण पर्व  »  अध्याय 12: दोनों सेनाओंका घोर युद्ध और भीमसेनके द्वारा क्षेमधूर्तिका वध  »  श्लोक 16-17h
 
 
श्लोक  8.12.16-17h 
नानाविरागवसना गन्धचूर्णावचूर्णिता:॥ १६॥
बद्धासय: पाशहस्ता वारणप्रतिवारणा:।
 
 
अनुवाद
वह अनेक प्रकार के रंग-बिरंगे वस्त्र पहने हुए था, शरीर पर सुगंधित चूर्ण लगाए हुए था, कमर में तलवार बंधी थी, हाथ में पाश था और हाथियों को भी रोकने की शक्ति रखता था।
 
He wore many kinds of colourful clothes and had applied perfumed powder on his body. A sword was tied to his waist, he had a noose in his hand and had the power to stop even elephants.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)