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mahabharat 7.94.29-31: जिन्होंने भोजवंशी कृतवर्मा को तथा आपको भी, देवताओं के समान तेजस्वी, अपने अस्त्रों के बल से पराजित किया, श्रुतायु का वध किया, काम्बोजराज सुदक्षिण और राजा श्रुतायुध का वध किया, श्रुतायु, अच्युतायु तथा सहस्रों म्लेच्छ सैनिकों के प्राण हर लिए, जो युद्ध में अग्नि के समान शत्रुओं को जला डालने वाले तथा अर्जुनपुत्र वीर पाण्डु के अस्त्रों में निपुण हैं, मैं आपके साथ कैसे युद्ध कर सकता हूँ ? 29-31॥   |   mahabharat अध्याय 7.94: दुर्योधनका उपालम्भ सुनकर द्रोणाचार्यका उसके शरीरमें दिव्य कवच बाँधकर उसीको अर्जुनके साथ युद्धके लिये भेजना   ।   mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 7: द्रोण पर्व  »  अध्याय 94: दुर्योधनका उपालम्भ सुनकर द्रोणाचार्यका उसके शरीरमें दिव्य कवच बाँधकर उसीको अर्जुनके साथ युद्धके लिये भेजना  »  श्लोक 29-31
 
 
श्लोक  7.94.29-31 
येन भोजश्च हार्दिक्यो भवांश्च त्रिदशोपम:।
अस्त्रप्रतापेन जितौ श्रुतायुश्च निबर्हित:॥ २९॥
सुदक्षिणश्च निहत: स च राजा श्रुतायुध:।
श्रुतायुश्चाच्युतायुश्च म्लेच्छाश्चायुतशो हता:॥ ३०॥
तं कथं पाण्डवं युद्धे दहन्तमिव पावकम्।
प्रतियोत्स्यामि दुर्धर्षं तमहं शस्त्रकोविदम्॥ ३१॥
 
 
अनुवाद
जिन्होंने भोजवंशी कृतवर्मा को तथा आपको भी, देवताओं के समान तेजस्वी, अपने अस्त्रों के बल से पराजित किया, श्रुतायु का वध किया, काम्बोजराज सुदक्षिण और राजा श्रुतायुध का वध किया, श्रुतायु, अच्युतायु तथा सहस्रों म्लेच्छ सैनिकों के प्राण हर लिए, जो युद्ध में अग्नि के समान शत्रुओं को जला डालने वाले तथा अर्जुनपुत्र वीर पाण्डु के अस्त्रों में निपुण हैं, मैं आपके साथ कैसे युद्ध कर सकता हूँ ? 29-31॥
 
Who defeated Kritavarma of Bhoj dynasty and you too, who were as brilliant as the gods, with the might of his weapons, killed Shrutayu, killed Kamboj king Sudakshin and King Shrutayudha, took away the lives of Shrutayu, Achyutayu and thousands of Mlechchha soldiers, who burns the enemies like fire in battle and is adept in the weapons of that brave Pandu son of Arjuna. How can I fight with you? 29-31॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)