Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 7.78.18: ‘पुत्र! तुम्हारी यह युवा पत्नी तुम्हारे वियोग के शोक में डूबी हुई है। वह उस गाय के समान व्याकुल है जिसका बछड़ा छूट गया हो। मैं उसे कैसे सांत्वना दूँ?॥18॥ | mahabharat अध्याय 7.78: सुभद्राका विलाप और श्रीकृष्णका सबको आश्वासन । mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
इमां ते तरुणीं भार्यां तवाधिभिरभिप्लुताम्।
कथं संधारयिष्यामि विवत्सामिव धेनुकाम्॥ १८॥
अनुवाद
‘पुत्र! तुम्हारी यह युवा पत्नी तुम्हारे वियोग के शोक में डूबी हुई है। वह उस गाय के समान व्याकुल है जिसका बछड़ा छूट गया हो। मैं उसे कैसे सांत्वना दूँ?॥18॥
‘Son! This young wife of yours is drowned in the grief of your separation. She is as distraught as a cow whose calf has been lost. How will I console her?॥18॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥