Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 7.71.1: व्यासजी कहते हैं: हे राजन! इन सोलह राजाओं की पवित्र और आयुवर्धक कथा सुनकर राजा संजय चुप हो गए और कुछ नहीं बोले॥1॥ | mahabharat अध्याय 7.71: नारदजीका सृंजयके पुत्रको जीवित करना और व्यासजीका युधिष्ठिरको समझाकर अन्तर्धान होना । mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
व्यास उवाच
पुण्यमाख्यानमायुष्यं श्रुत्वा षोडशराजकम्।
अव्याहरन्नरपतिस्तूष्णीमासीत् स सृञ्जय:॥ १॥
अनुवाद
व्यासजी कहते हैं: हे राजन! इन सोलह राजाओं की पवित्र और आयुवर्धक कथा सुनकर राजा संजय चुप हो गए और कुछ नहीं बोले॥1॥
Vyasa says: O King! After listening to the sacred and life-enhancing story of these sixteen kings, King Sanjaya remained silent and did not say anything. ॥1॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥