Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 7.32.77: रथियों ने हाथियों को कुचल डाला, हाथी राजाओं ने बड़े-बड़े घोड़ों को कुचल डाला, घुड़सवारों ने पैदल सैनिकों को कुचल डाला और श्रेष्ठ रथियों ने घुड़सवारों को कुचल डाला। उनकी जीभ, दाँत और आँखें - सब निकल आईं। कवच और आभूषण टुकड़े-टुकड़े हो गए। ऐसी स्थिति में वे सभी योद्धा पृथ्वी पर गिर पड़े और नष्ट हो गए। 77. | mahabharat अध्याय 7.32: कौरव-पाण्डव-सेनाओंका घमासान युद्ध,भीमसेनका कौरव महारथियोंके साथ संग्राम, भयंकर संहार, पाण्डवोंका द्रोणाचार्यपर आक्रमण, अर्जुन और कर्णका युद्ध, कर्णके भाइयोंका वध तथा कर्ण और सात्यकिका संग्राम । mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
रथियों ने हाथियों को कुचल डाला, हाथी राजाओं ने बड़े-बड़े घोड़ों को कुचल डाला, घुड़सवारों ने पैदल सैनिकों को कुचल डाला और श्रेष्ठ रथियों ने घुड़सवारों को कुचल डाला। उनकी जीभ, दाँत और आँखें - सब निकल आईं। कवच और आभूषण टुकड़े-टुकड़े हो गए। ऐसी स्थिति में वे सभी योद्धा पृथ्वी पर गिर पड़े और नष्ट हो गए। 77.
The charioteers crushed the elephants, the elephant kings crushed the big horses, the horsemen crushed the foot soldiers and the best charioteers crushed the horsemen. Their tongues, teeth and eyes - all came out. Armour and ornaments lay in pieces. In such a state all those warriors fell on the earth and perished. 77.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥