श्री महाभारत  »  पर्व 7: द्रोण पर्व  »  अध्याय 23: पाण्डव-सेनाके महारथियोंके रथ, घोड़े, ध्वज तथा धनुषोंका विवरण  »  श्लोक 96
 
 
श्लोक  7.23.96 
एते चान्ये च बहवो ध्वजा हेमविभूषिता:।
तत्रादृश्यन्त शूराणां द्विषतां शोकवर्धना:॥ ९६॥
 
 
अनुवाद
इन तथा अन्य कई राजाओं के स्वर्ण से सुसज्जित ध्वज वहां दिखाई दे रहे थे, जिससे शत्रुओं का दुःख बढ़ गया।
 
These and many other kings' flags decorated with gold were visible there, which increased the grief of the enemies.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)