Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 7.22.1-2: धृतराष्ट्र ने पूछा, "संजय! जब द्रोणाचार्य ने उस महायुद्ध में पाण्डवों तथा समस्त पांचालों को परास्त कर दिया, तब क्या उनके समक्ष कोई अन्य योद्धा आया, जिसे युद्ध विषयक उत्तम ज्ञान प्राप्त था, जिससे क्षत्रियों को यश प्राप्त होता है, जिसे कायर लोग नहीं अपनाते तथा जिसका उपयोग श्रेष्ठ पुरुष करते हैं?" | mahabharat अध्याय 7.22: द्रोणके युद्धके विषयमें दुर्योधन और कर्णका संवाद । mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
धृतराष्ट्र ने पूछा, "संजय! जब द्रोणाचार्य ने उस महायुद्ध में पाण्डवों तथा समस्त पांचालों को परास्त कर दिया, तब क्या उनके समक्ष कोई अन्य योद्धा आया, जिसे युद्ध विषयक उत्तम ज्ञान प्राप्त था, जिससे क्षत्रियों को यश प्राप्त होता है, जिसे कायर लोग नहीं अपनाते तथा जिसका उपयोग श्रेष्ठ पुरुष करते हैं?"
Dhritarashtra asked, "Sanjaya! When Dronacharya defeated the Pandavas and all the Panchalas in that great war, did any other warrior come before him, who had the advantage of having the best wisdom about war, which brings fame to the Kshatriyas, which is not adopted by cowards and which is used by the best men?"
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥