Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
mahabharat 7.200.62: जब युयुधान ने महाधनुर्धर अश्वत्थामा को नाना प्रकार के चिह्नों वाले बाणों द्वारा बुरी तरह घायल कर दिया, तब वह क्रोध में भरकर उससे हँसकर बोला -॥62॥   |   mahabharat अध्याय 7.200: श्रीकृष्णका भीमसेनको रथसे उतारकर नारायणास्त्रको शान्त करना, अश्वत्थामाका उसके पुन: प्रयोगमें अपनी असमर्थता बताना तथा अश्वत्थामाद्वारा धृष्टद्युम्नकी पराजय, सात्यकिका दुर्योधन, कृपाचार्य, कृतवर्मा, कर्ण और वृषसेन—इन छ: महारथियोंको भगा देना फिर अश्वत्थामाद्वारा मालव, पौरव और चेदिदेशके युवराजका वध एवं भीम और अश्वत्थामाका घोर युद्ध तथा पाण्डव-सेनाका पलायन   ।   mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 7: द्रोण पर्व  »  अध्याय 200: श्रीकृष्णका भीमसेनको रथसे उतारकर नारायणास्त्रको शान्त करना, अश्वत्थामाका उसके पुन: प्रयोगमें अपनी असमर्थता बताना तथा अश्वत्थामाद्वारा धृष्टद्युम्नकी पराजय, सात्यकिका दुर्योधन, कृपाचार्य, कृतवर्मा, कर्ण और वृषसेन—इन छ: महारथियोंको भगा देना फिर अश्वत्थामाद्वारा मालव, पौरव और चेदिदेशके युवराजका वध एवं भीम और अश्वत्थामाका घोर युद्ध तथा पाण्डव-सेनाका पलायन  »  श्लोक 62
 
 
श्लोक  7.200.62 
सोऽतिविद्धो महेष्वासो नानालिङ्गैरमर्षण:।
युयुधानेन वै द्रौणि: प्रहसन् वाक्यमब्रवीत्॥ ६२॥
 
 
अनुवाद
जब युयुधान ने महाधनुर्धर अश्वत्थामा को नाना प्रकार के चिह्नों वाले बाणों द्वारा बुरी तरह घायल कर दिया, तब वह क्रोध में भरकर उससे हँसकर बोला -॥62॥
 
When Yuyudhan severely wounded the great archer Ashwatthama with arrows bearing various markings, he, filled with anger, said to him smilingly -॥ 62॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)