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श्री महाभारत
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पर्व 7: द्रोण पर्व
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अध्याय 20: द्रोणाचार्यके द्वारा गरुड़व्यूहका निर्माण, युधिष्ठिरका भय, धृष्टद्युम्नका आश्वासन, धृष्टद्युम्न और दुर्मुखका युद्ध तथा संकुल युद्धमें गजसेनाका संहार
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श्लोक 9-10h
श्लोक
7.20.9-10h
विन्दानुविन्दावावन्त्यौ काम्बोजश्च सुदक्षिण:॥ ९॥
वामं पार्श्वं समाश्रित्य द्रोणपुत्राग्रत: स्थिता:।
अनुवाद
अवन्तिका के विन्द और अनुविन्द तथा काम्बोजराज सुदक्षिण - वे वामभाग में आश्रय लेकर द्रोणपुत्र अश्वत्थामा के सामने खड़े हो गए ॥9 1/2॥
Avantika's Vind and Anuvind and Kambojraj Sudakshin - they took shelter on the left side and stood in front of Drona's son Ashwatthama. 9 1/2॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
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हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
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