Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 7.197.29: मैं इसे कोई चमत्कारी बात नहीं मानता; अश्वत्थामा इस युद्ध के माध्यम से कौरवों को मरवा देगा; क्योंकि वह स्वयं उनकी रक्षा करने में असमर्थ है। | mahabharat अध्याय 7.197: भीमसेनके वीरोचित उद्गार और धृष्टद्युम्नके द्वारा अपने कृत्यका समर्थन । mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
न चाद्भुतमिदं मन्ये यद् द्रौणिर्युद्धसंज्ञया।
घातयिष्यति कौरव्यान् परित्रातुमशक्नुवन्॥ २९॥
अनुवाद
मैं इसे कोई चमत्कारी बात नहीं मानता; अश्वत्थामा इस युद्ध के माध्यम से कौरवों को मरवा देगा; क्योंकि वह स्वयं उनकी रक्षा करने में असमर्थ है।
I do not consider this to be a miraculous thing; Ashvatthama will get the Kauravas killed through this war; because he himself is unable to protect them.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥