Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 7.195.23-24h: आज रणभूमि में रथ पर बैठे हुए मुझे न देवता, न गन्धर्व, न दानव, न राक्षस, न कोई महामानव वीर ही परास्त कर सकता है॥23 1/2॥ | mahabharat अध्याय 7.195: अश्वत्थामाके क्रोधपूर्ण उद्गार और उसके द्वारा नारायणास्त्रका प्राकट्य । mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
न हि देवा न गन्धर्वा नासुरा न च राक्षसा:॥ २३॥
अद्य शक्ता रणे जेतुं रथस्थं मां नरर्षभा:।
अनुवाद
आज रणभूमि में रथ पर बैठे हुए मुझे न देवता, न गन्धर्व, न दानव, न राक्षस, न कोई महामानव वीर ही परास्त कर सकता है॥23 1/2॥
Today, sitting on the chariot in the battlefield, neither gods, nor Gandharvas, nor demons, nor demons, nor even any great human hero can defeat me. 23 1/2॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥