श्री महाभारत  »  पर्व 7: द्रोण पर्व  »  अध्याय 181: भगवान् श्रीकृष्णका अर्जुनको जरासंध आदि धर्मद्रोहियोंके वध करनेका कारण बताना  »  श्लोक 31-32h
 
 
श्लोक  7.181.31-32h 
सुयोधनं चापि रणे हनिष्यति वृकोदर:॥ ३१॥
तस्यापि च वधोपायं वक्ष्यामि तव पाण्डव।
 
 
अनुवाद
हे पाण्डुपुत्र! भीमसेन युद्ध में दुर्योधन का भी वध करेंगे। मैं तुम्हें उसके वध का उपाय भी बताऊँगा।
 
O son of Pandu! Bhimsena will also kill Duryodhan in the war. I will also tell you the way to kill him.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)