Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
mahabharat 7.178.32: इस प्रकार कुण्डल से सुसज्जित सिर को काटकर महाबली घटोत्कच ने भयंकर गर्जना की।   |   mahabharat अध्याय 7.178: दोनों सेनाओंमें परस्पर घोर युद्ध और घटोत्कचके द्वारा अलायुधका वध एवं दुर्योधनका पश्चात्ताप   ।   mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 7: द्रोण पर्व  »  अध्याय 178: दोनों सेनाओंमें परस्पर घोर युद्ध और घटोत्कचके द्वारा अलायुधका वध एवं दुर्योधनका पश्चात्ताप  »  श्लोक 32
 
 
श्लोक  7.178.32 
सोऽपहृत्य शिरस्तस्य कुण्डलाभ्यां विभूषितम्।
तदा सुतुमुलं नादं ननाद सुमहाबल:॥ ३२॥
 
 
अनुवाद
इस प्रकार कुण्डल से सुसज्जित सिर को काटकर महाबली घटोत्कच ने भयंकर गर्जना की।
 
Having thus cut off his earring-adorned head, the mighty Ghatotkacha let out a terrifying roar.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)