Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
mahabharat 7.174.15: भीमसेन के पुत्र को अनेक बाणों से घायल करके महाबली निशाचर ने अपने बाणों के समूह द्वारा पाण्डव सेना को भगाना आरम्भ किया।   |   mahabharat अध्याय 7.174: घटोत्कच और जटासुरके पुत्र अलम्बुषका घोर युद्ध तथा अलम्बुषका वध   ।   mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 7: द्रोण पर्व  »  अध्याय 174: घटोत्कच और जटासुरके पुत्र अलम्बुषका घोर युद्ध तथा अलम्बुषका वध  »  श्लोक 15
 
 
श्लोक  7.174.15 
विद्‍ध्वा च बहुभिर्बाणैर्भैमसेनिं महाबल:।
व्यद्रावयच्छरव्रातै: पाण्डवानामनीकिनीम्॥ १५॥
 
 
अनुवाद
भीमसेन के पुत्र को अनेक बाणों से घायल करके महाबली निशाचर ने अपने बाणों के समूह द्वारा पाण्डव सेना को भगाना आरम्भ किया।
 
Having wounded the son of Bhimasena with many arrows, that mighty night-bearer began to chase away the Pandava army with his flock of arrows.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)