vedamrit
Reset
Home
ग्रन्थ
श्रीमद् वाल्मीकि रामायण
श्रीमद् भगवद गीता
______________
श्री विष्णु पुराण
श्रीमद् भागवतम
______________
श्रीचैतन्य भागवत
वैष्णव भजन
About
Contact
श्री महाभारत
»
पर्व 7: द्रोण पर्व
»
अध्याय 172: दुर्योधनके उपालम्भसे द्रोणाचार्य और कर्णका घोर युद्ध, पाण्डव-सेनाका पलायन, भीमसेनका सेनाको लौटाकर लाना और अर्जुनसहित भीमसेनका कौरवोंपर आक्रमण करना
»
श्लोक 32
श्लोक
7.172.32
एतेन सहितो युद्धॺ पञ्चालैश्च महारथै:।
आश्वासनार्थं सैन्यानां सर्वेषां पाण्डुनन्दन॥ ३२॥
अनुवाद
पाण्डुपुत्र! उनके तथा पांचाल योद्धाओं के साथ रहकर तुम्हें अपनी समस्त सेना को शांति प्रदान करने के लिए यहीं युद्ध करना चाहिए।'
Son of Pandu! Staying with them and the Panchala warriors, you should fight here to give solace to your entire army.'
✨ ai-generated
Connect Form
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
© 2026 vedamrit.in All Rights Reserved. Developed by AmritChaitanyaDas