श्री महाभारत  »  पर्व 7: द्रोण पर्व  »  अध्याय 171: सात्यकिसे दुर्योधनकी, अर्जुनसे शकुनि और उलूककी तथा धृष्टद्युम्नसे कौरव-सेनाकी पराजय  »  श्लोक 20
 
 
श्लोक  7.171.20 
हताश्वे तु रथे तिष्ठन् पुत्रस्तव विशाम्पते।
मुमोच निशितान् बाणान् शैनेयस्य रथं प्रति॥ २०॥
 
 
अनुवाद
हे प्रजानाथ! तब आपका पुत्र उस अश्वरहित रथ पर खड़ा होकर सात्यकि के रथ की ओर तीखे बाण चलाने लगा।
 
O Prajanath! Then your son stood on that horseless chariot and started shooting sharp arrows towards Satyaki's chariot.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)