Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
mahabharat 7.167.23: मद्रराज शल्य ने धनुर्धर राजा विराट को उनकी सेना सहित बाणों की वर्षा से ढक दिया, जो द्रोणाचार्य पर जोरदार आक्रमण कर रहे थे।   |   mahabharat अध्याय 7.167: कर्णके द्वारा सहदेवकी पराजय, शल्यके द्वारा विराटके भाई शतानीकका वध और विराटकी पराजय तथा अर्जुनसे पराजित होकर अलम्बुषका पलायन   ।   mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 7: द्रोण पर्व  »  अध्याय 167: कर्णके द्वारा सहदेवकी पराजय, शल्यके द्वारा विराटके भाई शतानीकका वध और विराटकी पराजय तथा अर्जुनसे पराजित होकर अलम्बुषका पलायन  »  श्लोक 23
 
 
श्लोक  7.167.23 
विराटं सहसेनं तु द्रोणं वै द्रुतमागतम्।
मद्रराज: शरौघेण च्छादयामास धन्विनम्॥ २३॥
 
 
अनुवाद
मद्रराज शल्य ने धनुर्धर राजा विराट को उनकी सेना सहित बाणों की वर्षा से ढक दिया, जो द्रोणाचार्य पर जोरदार आक्रमण कर रहे थे।
 
Madra king Shalya covered the archer king Virat along with his army with a shower of arrows who were vigorously attacking Dronacharya.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)