Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 7.167.12-14h: जब महामना सारथी पुत्र ने उस रथ का पहिया नष्ट कर दिया, तब कर्ण ने उस पर लाठियाँ, नाना प्रकार के जुए, कटे हुए हाथी के अंग, मरे हुए घोड़े तथा बहुत से मरे हुए लोगों के शव फेंके, किन्तु कर्ण ने अपने बाणों से उन सबको नष्ट कर दिया। | mahabharat अध्याय 7.167: कर्णके द्वारा सहदेवकी पराजय, शल्यके द्वारा विराटके भाई शतानीकका वध और विराटकी पराजय तथा अर्जुनसे पराजित होकर अलम्बुषका पलायन । mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
जब महामना सारथी पुत्र ने उस रथ का पहिया नष्ट कर दिया, तब कर्ण ने उस पर लाठियाँ, नाना प्रकार के जुए, कटे हुए हाथी के अंग, मरे हुए घोड़े तथा बहुत से मरे हुए लोगों के शव फेंके, किन्तु कर्ण ने अपने बाणों से उन सबको नष्ट कर दिया।
When that chariot wheel was destroyed by the great-minded son of a charioteer, Karna threw sticks, yokes of various kinds, severed elephant limbs, dead horses and the corpses of many dead men at Karna, but Karna destroyed them all with his arrows.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥