Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 7.166.18-19h: जैसे बादल पर्वत पर जल की धारा गिराता है, उसी प्रकार रथियों में श्रेष्ठ घटोत्कच ने अश्वत्थामा पर रथ के धुरे के समान मोटे बाणों की वर्षा आरम्भ कर दी ॥18 1/2॥ | mahabharat अध्याय 7.166: सात्यकिके द्वारा भूरिका वध, घटोत्कच और अश्वत्थामाका घोर युद्ध तथा भीमके साथ दुर्योधनका युद्ध एवं दुर्योधनका पलायन । mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
जैसे बादल पर्वत पर जल की धारा गिराता है, उसी प्रकार रथियों में श्रेष्ठ घटोत्कच ने अश्वत्थामा पर रथ के धुरे के समान मोटे बाणों की वर्षा आरम्भ कर दी ॥18 1/2॥
Just as a cloud drops a stream of water on a mountain, Ghatotkacha, the best among charioteers, started showering arrows as thick as the axle of a chariot on Ashwatthama. 18 1/2॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥