Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 7.160.43-44: वे दोनों महाधनुर्धर क्रोध में भरकर एक दूसरे पर चारों ओर से बाणों की वर्षा करने लगे और उन बाणों की वर्षा से एक दूसरे को घायल करते हुए प्राणों की बाजी लगाकर युद्धभूमि में डटे रहे। | mahabharat अध्याय 7.160: अश्वत्थामाका दुर्योधनको उपालम्भपूर्ण आश्वासन देकर पांचालोंके साथ युद्ध करते हुए धृष्टद्युम्नके रथसहित सारथिको नष्ट करके उसकी सेनाको भगाकर अद्भुत पराक्रम दिखाना । mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
वे दोनों महाधनुर्धर क्रोध में भरकर एक दूसरे पर चारों ओर से बाणों की वर्षा करने लगे और उन बाणों की वर्षा से एक दूसरे को घायल करते हुए प्राणों की बाजी लगाकर युद्धभूमि में डटे रहे।
Both those mighty archers, filled with anger, showered arrows on each other from all sides, and, hurting each other with those showers of arrows, stood firm on the battlefield, risking their lives.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥