Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 7.159.34: जिस प्रकार देवताओं और दानवों के युद्ध में इन्द्र ने दानवों के साथ युद्ध किया था, उसी प्रकार कर्ण और आक्रमण तथा प्रति-आक्रमण चाहने वाले राजाओं के बीच का युद्ध अत्यन्त भयंकर होता जा रहा था। | mahabharat अध्याय 7.159: अश्वत्थामाका कर्णको मारनेके लिये उद्यत होना, दुर्योधनका उसे मनाना, पाण्डवों और पाञ्चालोंका कर्णपर आक्रमण, कर्णका पराक्रम, अर्जुनके द्वारा कर्णकी पराजय तथा दुर्योधनका अश्वत्थामासे पांचालोंके वधके लिये अनुरोध । mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
जिस प्रकार देवताओं और दानवों के युद्ध में इन्द्र ने दानवों के साथ युद्ध किया था, उसी प्रकार कर्ण और आक्रमण तथा प्रति-आक्रमण चाहने वाले राजाओं के बीच का युद्ध अत्यन्त भयंकर होता जा रहा था।
Just as Indra had fought with the demons in the war between gods and demons, similarly the war between Karna and the kings who wanted to attack and counter-attack was becoming very fierce.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥