Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 7.157.8-9h: फिर उन्होंने अपनी शक्ति से उन्हें बींध डाला और पुनः सात बाणों से उन्हें घायल कर दिया। फिर सात्यकि के लिए भीमसेन ने एक नवीन, प्रबल एवं भयानक परिघ से सोमदत्त के सिर पर प्रहार किया। | mahabharat अध्याय 7.157: सोमदत्तकी मूर्च्छा, भीमके द्वारा बाह्लीकका वध, धृतराष्ट्रके दस पुत्रों और शकुनिके सात रथियों एवं पाँच भाइयोंका संहार तथा द्रोणाचार्य और युधिष्ठिरके युद्धमें युधिष्ठिरकी विजय । mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
फिर उन्होंने अपनी शक्ति से उन्हें बींध डाला और पुनः सात बाणों से उन्हें घायल कर दिया। फिर सात्यकि के लिए भीमसेन ने एक नवीन, प्रबल एवं भयानक परिघ से सोमदत्त के सिर पर प्रहार किया।
Then he pierced them with his Shakti and again wounded them with seven arrows. Then for Satyaki, Bhimasena struck Somadatta's head with a new, strong and terrible Parigha. 8 1/2.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥