Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 7.156.52-53h: महाराज! फिर वहाँ भयंकर युद्ध आरम्भ हो गया, जिससे रोंगटे खड़े हो गए। अर्जुन ने द्रोणाचार्य की सेना के दाहिने भाग को और भीमसेन ने बाएँ भाग को लक्ष्य किया। दोनों भाइयों के पास विशाल रथ और सेनाएँ थीं। | mahabharat अध्याय 7.156: सोमदत्त और सात्यकिका युद्ध, सोमदत्तकी पराजय, घटोत्कच और अश्वत्थामाका युद्ध और अश्वत्थामाद्वारा घटोत्कचके पुत्रका, एक अक्षौहिणी राक्षस-सेनाका तथा द्रुपदपुत्रोंका वध एवं पाण्डव-सेनाकी पराजय । mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
महाराज! फिर वहाँ भयंकर युद्ध आरम्भ हो गया, जिससे रोंगटे खड़े हो गए। अर्जुन ने द्रोणाचार्य की सेना के दाहिने भाग को और भीमसेन ने बाएँ भाग को लक्ष्य किया। दोनों भाइयों के पास विशाल रथ और सेनाएँ थीं।
King! Then a fierce battle started there which gave goosebumps. Arjuna targeted the right side of Dronacharya's army and Bhimsena targeted the left side. Both the brothers had huge chariots and armies with them. 52 1/2.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥