Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
mahabharat 7.155.d1: यह देखकर द्रुपद के पुत्र नकुल, सहदेव सहित उनके सैनिक, युधिष्ठिर, द्रुपद, विराट, सात्यकि, घटोत्कच, जय, विजय, द्रुम, वृक और सृंजय योद्धाओं ने आपके पुत्रों को आगे बढ़ने से रोक दिया।   |   mahabharat अध्याय 7.155: द्रोणाचार्यद्वारा शिबिका वध तथा भीमसेनद्वारा घूँसे और थप्पड़से कलिंगराजकुमारका एवं ध्रुव, जयरात तथा धृतराष्ट्रपुत्र दुष्कर्ण और दुर्मदका वध   ।   mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 7: द्रोण पर्व  »  अध्याय 155: द्रोणाचार्यद्वारा शिबिका वध तथा भीमसेनद्वारा घूँसे और थप्पड़से कलिंगराजकुमारका एवं ध्रुव, जयरात तथा धृतराष्ट्रपुत्र दुष्कर्ण और दुर्मदका वध  »  श्लोक d1
 
 
श्लोक  7.155.d1 
(ततो यमौ द्रुपदसुता: ससैनिका
युधिष्ठिरद्रुपदविराटसात्वता:।
घटोत्कचो जयविजयौ द्रुमो वृक:
ससृञ्जयास्तव तनयानवारयन्॥)
 
 
अनुवाद
यह देखकर द्रुपद के पुत्र नकुल, सहदेव सहित उनके सैनिक, युधिष्ठिर, द्रुपद, विराट, सात्यकि, घटोत्कच, जय, विजय, द्रुम, वृक और सृंजय योद्धाओं ने आपके पुत्रों को आगे बढ़ने से रोक दिया।
 
Seeing this, Nakula, Sahadeva, Drupada's son along with his soldiers, Yudhishthir, Drupada, Virata, Satyaki, Ghatotkacha, Jai, Vijay, Drum, Vrik and Srinjaya warriors stopped your sons from moving forward.
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)