Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 7.155.38-39: तत्पश्चात् कर्ण, अश्वत्थामा, दुर्योधन, कृपाचार्य, सोमदत्त और बाह्लीक के सामने ही शत्रु पाण्डुपुत्र भीम ने वीर दुर्मद और दुष्कर्ण के रथ को लात मारकर भूमि में धंसा दिया ॥38-39॥ | mahabharat अध्याय 7.155: द्रोणाचार्यद्वारा शिबिका वध तथा भीमसेनद्वारा घूँसे और थप्पड़से कलिंगराजकुमारका एवं ध्रुव, जयरात तथा धृतराष्ट्रपुत्र दुष्कर्ण और दुर्मदका वध । mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
तत: कर्णस्य मिषतो द्रौणेर्दुर्योधनस्य च।
कृपस्य सोमदत्तस्य बाह्लीकस्य च पाण्डव:॥ ३८॥
दुर्मदस्य च वीरस्य दुष्कर्णस्य च तं रथम्।
पादप्रहारेण धरां प्रावेशयदरिंदम:॥ ३९॥
अनुवाद
तत्पश्चात् कर्ण, अश्वत्थामा, दुर्योधन, कृपाचार्य, सोमदत्त और बाह्लीक के सामने ही शत्रु पाण्डुपुत्र भीम ने वीर दुर्मद और दुष्कर्ण के रथ को लात मारकर भूमि में धंसा दिया ॥38-39॥
Thereafter, in front of Karna, Ashwatthama, Duryodhana, Kripacharya, Somdutt and Bahlika, the enemy Pandu's son Bhima kicked the chariot of brave Durmad and Dushkarna and made it sink into the ground. 38-39॥
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥