Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7 mahabharat 7.152.15: कर्ण ने कहा- भैया! अपने गुरु की निन्दा मत करो। वह ब्राह्मण अपने बल, पराक्रम और उत्साह के अनुसार, प्राणों की भी परवाह न करते हुए, युद्ध लड़ता है। | mahabharat अध्याय 7.152: दुर्योधन और कर्णकी बातचीत तथा पुन: युद्धका आरम्भ । mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व । श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
कर्ण ने कहा- भैया! अपने गुरु की निन्दा मत करो। वह ब्राह्मण अपने बल, पराक्रम और उत्साह के अनुसार, प्राणों की भी परवाह न करते हुए, युद्ध लड़ता है।
Karna said- Brother! Do not criticize your teacher. That Brahmin fights the battle according to his strength, power and enthusiasm, even without caring for his life.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥