Deprecated: str_replace(): Passing null to parameter #3 ($subject) of type array|string is deprecated in /var/www/3ba56740-d0e5-465a-99e5-33425b2f2eb0/vedamrit.in/bookscommon/sloka.php on line 7
mahabharat 7.149.60: ‘तुम दोनों मेरे कहे अनुसार वीर हो और युद्ध में प्रशंसनीय हो तथा रणभूमि में कभी पराजित न हो सकोगे। सौभाग्य से मैं तुम दोनों को यहाँ सकुशल देख रहा हूँ।’॥60॥   |   mahabharat अध्याय 7.149: श्रीकृष्णका युधिष्ठिरसे विजयका समाचार सुनाना और युधिष्ठिरद्वारा श्रीकृष्णकी स्तुति तथा अर्जुन, भीम एवं सात्यकिका अभिनन्दन   ।   mahabharat पर्व 7: द्रोण पर्व   ।   श्री महाभारत Sri Mahabharat | वेदामृत — Vedamrit | वैदिक ग्रंथों का संग्रह
 
श्री महाभारत  »  पर्व 7: द्रोण पर्व  »  अध्याय 149: श्रीकृष्णका युधिष्ठिरसे विजयका समाचार सुनाना और युधिष्ठिरद्वारा श्रीकृष्णकी स्तुति तथा अर्जुन, भीम एवं सात्यकिका अभिनन्दन  »  श्लोक 60
 
 
श्लोक  7.149.60 
समरश्लाघिनौ वीरौ समरेष्वपराजितौ।
मम वाक्यसमौ चैव दिष्टॺा पश्यामि वामहम्॥ ६०॥
 
 
अनुवाद
‘तुम दोनों मेरे कहे अनुसार वीर हो और युद्ध में प्रशंसनीय हो तथा रणभूमि में कभी पराजित न हो सकोगे। सौभाग्य से मैं तुम दोनों को यहाँ सकुशल देख रहा हूँ।’॥60॥
 
‘You two are as brave as I have said and you are those who are admirable in war and will never be defeated in the battlefield. Fortunately, I see you both safe and sound here.’॥ 60॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)