vedamrit
Reset
Home
प्रमुख ग्रंथ
भगवद गीता
श्रीमद् रामायण
श्रीमद् भागवतम
श्री महाभारत
श्री रामचरितमानस
श्रीमद् विष्णु पुराण
श्रीचैतन्य भागवत
श्रीचैतन्य चरितामृत
भक्तिरसामृतसिन्धु
वैष्णव भजन, इस्कॉन आरती
Apps
About
Contact
श्री महाभारत
»
पर्व 7: द्रोण पर्व
»
अध्याय 144: सात्यकिके भूरिश्रवाद्वारा अपमानित होनेका कारण तथा वृष्णिवंशी वीरोंकी प्रशंसा
»
श्लोक 20
श्लोक
7.144.20
पश्यतां सर्वसैन्यानां पदा चैनमताडयत्।
एतत् ते कथितं राजन् यन्मां त्वं परिपृच्छसि॥ २०॥
अनुवाद
इतना ही नहीं, उसने सारी सेना के सामने सात्यकि को लात भी मारी। हे राजन! आपने जो मुझसे पूछा था, उसके उत्तर में मैंने यह घटना सुनाई है।
Not only this, he also kicked Satyaki in front of the entire army. O King! I have narrated this incident in answer to what you were asking me.
समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)
About Us
|
Contact Us
|
Privacy Policy
|
Connect Form
हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे। हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे॥
© 2023 vedamrit.in - All Rights Reserved. Developed by ACd
Download SongBook App
Install
×