श्री महाभारत  »  पर्व 7: द्रोण पर्व  »  अध्याय 130: दुर्योधनका द्रोणाचार्यको उपालम्भ देना, द्रोणाचार्यका उसे द्यूतका परिणाम दिखाकर युद्धके लिये वापस भेजना और उसके साथ युधामन्यु तथा उत्तमौजाका युद्ध  »  श्लोक 23
 
 
श्लोक  7.130.23 
यत्र ते परमेष्वासा यत्ता रक्षन्ति सैन्धवम्।
तत्र गच्छ स्वयं शीघ्रं तांश्च रक्षत्व रक्षिण:॥ २३॥
 
 
अनुवाद
हे राजन! जहाँ वे महाधनुर्धर योद्धा सावधान होकर सिन्धुराज की रक्षा कर रहे हैं, वहाँ आप शीघ्र ही जाकर उन सिन्धुराज के रक्षकों की रक्षा कीजिए॥ 23॥
 
O King! Where those mighty archers have become alert and are protecting the King of Sindhu, you yourself should quickly go there and protect those protectors of the King of Sindhu.॥ 23॥
 
 समीक्षित और संदर्भानुकूल अनुवाद (Contextual Translation)